Moksh mang rahi MokshDayini 1

“मोक्ष” मांग रही मोक्षदायिनी

युग-युगांतर से देव-दानव-मानव सभी को मातृत्व भाव से वात्सल्य लुटाने वाली मां गंगा घोर कलियुग में अपनी ही संतति से त्रस्त हैं। समस्त प्राणियों के पापों का नाश कर उन्हें पुण्यदान करने वाली भागीरथी आज मुक्ति मांग रही हैं। आत्मा-परमात्मा का मिलन कराकर लोक-परलोक संवारने वाली मोक्षदायिनी आज खुद के लिए “मोक्ष” मांग रहीं हैं। ..और […]

Ishq-e-Benaras Pak-e-Ramdan

इश्क-ए-बनारस, पाक-ए-रमजान

घुमड़ती गलियों में कदम-दर-कदम चला जा रहा था अनपढ़ मन खुद से सवाल-जवाब करते कि बनारस न होता, तो क्या होता? खुद का ही जवाब, ‘बनारस है, तो बनारसी हैं, मंदिर-मस्जिद-गुरुद्वारे हैं, धर्म से प्रेम और मजहब से मुहब्बत है, घण्ट-घड़ियाल-अजान और गुरुबाणी है। उधेड़बुन चल ही रही थी कि अनजाने में धक्का लगा और […]

Jago Ambedkar ki Santano Jago 1

जागो! आंबेडकर की संतानों, जागो…

हाल ही में देश के कोने-कोने में बाबासाहेब भीमराव आंबेडकर की जयंती मनाई गई। दलित समाज का शायद ही कोई व्यक्ति या तबका रहा हो, जो विशाल बौद्धिक बाबासाहेब की जयंती से खुद को अलग कर पाया हो। हमने भी अपनी क्षुद्र ही सही, लेकिन तुच्छ बौद्धिकता के साथ पूरी श्रद्धा से बाबासाहेब को याद किया। […]

Kashi Moksh nahi deti_KashiPatrika

धर्म क्षेत्र: काशी ‘मोक्ष’ नहीं देती

  राहुल, मोदी, योगी, गंगा, एएमयू, बीएचयू.. और जाने क्या-क्या..!! देश-दुनिया की राजनीति और कचर-पचर से त्रस्त मन कब चौक की गलियों से पग-पग डोलते मणिकर्णिका की ओर बढ़ चला, इसका भान ही नहीं हुआ। नीचे की ओर लुढ़कती पतली गली से जा पहुंचे घाट की सीढ़ियों पर। “केहू आवत हव का” (कोई आ रहा है […]